रश्मिका मंदाना का एक फर्जी वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो को डीपफेक तकनीक का इस्तेमाल कर बनाया गया है। इस वीडियो को अमिताभ बच्चन असली समझ बैठे।

इस वीडियो में रश्मिका को खुशी से उछलते हुए लिफ्ट में घुसते हुए दिखाया गया है। लेकिन यह वास्तव में रश्मिका नहीं हैं, जारा पटेल हैं, जो एक ब्रिटिश-इंडियन लड़की हैं।

इस वीडियो ने इस बात पर चिंता जताई है कि डीपफेक तकनीक का उपयोग करके गलत सूचना कैसे फैलाई जा सकती है।

डीपफेक एक ऐसी तकनीक है जिसका उपयोग लोगों के चेहरों को वीडियो में बदलने के लिए किया जाता है। यह पता लगाना मुश्किल है कि कोई वीडियो असली है या नहीं।

इस तकनीक का उपयोग गलत सूचना फैलाने या लोगों को बदनाम करने के लिए किया जा सकता है।

इसलिए, यह महत्वपूर्ण है कि हम डीपफेक वीडियो के बारे में जागरूक हों और उन पर भरोसा न करें।

आप वीडियो की सत्यता की जांच के लिए ऑनलाइन टूल का उपयोग कर सकते हैं। उदाहरण के लिए, आप Google Fact Check का उपयोग यह देखने के लिए कर सकते।

यदि आपको लगता है कि आप किसी डीपफेक वीडियो के शिकार हुए हैं, तो आप इसकी रिपोर्ट कर सकते हैं। आप वीडियो प्लेटफॉर्म को रिपोर्ट कर सकते हैं जहां आपने वीडियो देखा था।

डीपफेक तकनीक एक नई और उभरती हुई तकनीक है। यह महत्वपूर्ण है कि हम इस तकनीक के बारे में जागरूक हों और इसके संभावित खतरों को समझें।

डीपफेक तकनीक का उपयोग अच्छे के लिए भी किया जा सकता है। उदाहरण के लिए, इसका उपयोग शैक्षिक वीडियो बनाने या फिल्मों और वीडियो गेम में विशेष प्रभाव बनाने के लिए किया जा सकता है।